歌词
सौ बार जनम लेंगे, सौ बार फ़ना होंगे
ऐ जाने वफ़ा फिर भी हम तुम ना जुदा होंगे
सौ बार जनम लेंगे, सौ बार फ़ना होंगे
क़िस्मत हमें मिलने से रोकेगी भला कब तक
इन प्यार की राहों में भटकेगी वफ़ा कब तक
क़दमों के निशाँ खुद ही मंजिल का पता होंगे
सौ बार जनम लेंगे, सौ बार फ़ना होंगे
ये कैसी उदासी है, जो हुस्न पे छाई है
हम दूर नहीं तुमसे, कहने को जुदाई है
अरमान भरे दो दिल, फिर एक जगह होंगे
सौ बार जनम लेंगे, सौ बार फ़ना होंगे
ऐ जाने वफ़ा फिर भी हम तुम ना जुदा होंगे
सौ बार जनम लेंगे, सौ बार फ़ना होंगे