歌曲 / 歌词

Kaisi Tanhai

Listen on Apple Music

歌词

बादलों के सहरे पे लहराती है आँचल वह कभी
चंदा शरमाये छुप जाए रुक जाए ऐसे वह कहीं
बनाके दीवाना कुछ तुम कुछ वह कुछ ज़माना
वो हो हो
यह तन्हाई है कैसी रुत आयी है
जुदा हो जायूँ में अभी सनम हरजाई है
गुमसुम रहती है यह तनहा रहती है
सात रंग धलके अपना रंग बदलती है
धरती नदिया खुला आसमान
अजब यह अफसाना किसे क्या बतलाना
समझ न आये तोह दीयों बस इतना कर जाना
हर एक दिल में रहती है
ऐसी अरमान कोई
ऐसे पल भी आ कुछ देके लेके जाए सोचे न कभी
जरा वह सुन जा न
दुनिया फिर आज चली है कहाँ
धीरे जा रे धीरे जा
चलता जा रुक नहीं
कौन है कहाँ है भई यह किसको है पड़ी
औ यह ज़माना कैसा आजमाना
कुछ भी बनाके दास्ताँ
नज़र से पार हुआ है, दिल से यार हुआ है
समझके प्यार जिसे यह दिल बेज़ार हुवा
इक पल खिलती है यह फिर मुरझाती है
कौन जाने करके ऐसा क्या दिखलाती है
धरती नदिया खुला आसमान, वो हो हो
लेहराके दिल बहला ले जा
हसना तोह है
एक बहाने से भड़के तो
यह दुनिया कुछ नहीं
समझ के समझाना कुछ तुम कुछ हम कुछ ज़माना